रोहतक : हरियाणा के रोहतक में 60 साल के बुजुर्ग पर तीन मासूम बच्चियों के साथ यौन शोषण करने का आरोप लगा है. कई महीनों से वह बच्चियों का शोषण कर रहा था. बच्चियों की उम्र 6 से 8 साल है. इनमें खुद उसकी सगी पोती भी है. इस पीड़ित बच्ची का पिता मर्डर केस में जेल में है. उसकी मां पिछले दिनों घर छोड़कर चली गई थी. अन्य दो बच्चियां सगी बहनें हैं. उनकी मां का कुछ साल पहले निधन हो गया था. पिता मजदूरी करता है.
खेत में ले जाकर चाकू दिखा डराता था
आरोपित बुजुर्ग दोनों बच्चियों को एक-एक कर बहला फुसलाकर खेत में ले जाता. वहां यौन शोषण करता. चाकू दिखा डराता और धमकी देता कि किसी को बताया तो मार दूंगा. वहीं, अपनी 8 साल की पोती को डरा-धमकाकर घर पर ही यौन शोषण करता. बुजुर्ग की इस क्रूरता के बारे में बच्चियों ने बाल कल्याण समिति (सीडब्ल्यूसी) के सामने बताया. 3 बच्चियों व एक बच्चे को सीडब्ल्यूसी ने रेस्क्यू किया है. बच्चियों का मेडिकल परीक्षण कराया गया है. मामले की शिकायत पुलिस को दे दी गई है. आरोपी बुजुर्ग घर से फरार है.
सीडब्ल्यूसी के कैंप में हुई पीड़ितों की पहचान
दरअसल, इस मामले में एक सप्ताह पहले साइबर थाने में अज्ञात व्यक्ति ने सूचना दी थी. इसमें गांव का नाम बता बच्चियों के साथ हो रहे शोषण की जानकारी दी गई थी. हालांकि, बच्चियों की पहचान नहीं बताई गई थी. साइबर पुलिस ने जिला बाल संरक्षण अधिकारी कुलदीप सैनी को सूचित किया. पीड़ित बच्चियों को ढूंढ़ने के लिए टीम गांव पहुंची. यहां पर गुड टच-बैड टच का जागरूकता कैंप लगाया. इसमें काफी बच्चों को एकत्रित कर पूछा कि उनके साथ कभी बैड टच हुआ है क्या? इसमें 3 पीड़ित बच्चियां आगे आईं. उन्होंने थोड़ा बहुत बताया. इससे साफ हो गया कि इन्हीं के साथ गलत काम हुआ है. इसके बाद सीडब्ल्यूसी को जानकारी दी गई.
दादी ने नहीं सुनी, 2 बच्चियों के पिता ने डरकर नहीं दी शिकायत
सीडब्ल्यूसी ने बच्चियों की काउंसलिंग की. इसमें सामने आया कि एक बच्ची की मां घर छोड़कर चली गई थी. पिता मर्डर केस में जेल में है. बच्ची ने कई महीने पहले दादी को दादा द्वारा किए जा रहे गलत काम के बारे में बताया था. दादी ने उल्टे बच्ची को ही धमकाकर चुप रहने को कहा. वहीं, पड़ोस की 6 साल व 8 साल की 2 सगी बहनों की मां की कई साल पहले मौत हो गई थी. घर में दोनों बच्चियों के अलावा 5 साल का छोटा भाई और पिता हैं. एक बच्ची के साथ जब आरोपी ने यौन शोषण किया तो उसे ब्लीडिंग हो गई. पिता को पता चला तो उसने चुपचाप बच्ची का उपचार करा दिया. लेकिन, शिकायत नहीं की. पता चला कि बच्चियों का पिता आरोपी से डरता है, क्योंकि उसका बेटा पहले ही मर्डर केस में जेल बंद है.
रेड अलर्ट | बच्चे में अगर ये संकेत दिखें तो नजरअंदाज न करें
बच्चों के साथ यौन शोषण बेहद गंभीर अपराध है. इसके लिए कानून में कड़ी सजा का प्रावधान है. बच्चों में दिखने वाले खतरे के संकेत समझना भी बहुत जरूरी है।
अगर बच्चा:
– अचानक डरने लगे, चुप रहने लगे
– अकेले में जाने से कतराए
– किसी खास व्यक्ति से मिलने से डरे
– शरीर में चोट, खून या दर्द की शिकायत करे
– बार-बार बुरे सपने देखे, तो ऐसे लक्षणों को बिल्कुल भी नजरअंदाज न करें
अगर किसी बच्चे के साथ गलत हो रहा है तो तुरंत क्या करें
– उसकी बात पर भरोसा करें. डांटें नहीं, चुप न कराएं.
– तुरंत पुलिस या बाल संरक्षण एजेंसी से संपर्क करें. इनके नंबर हैं…
1098 – चाइल्ड हेल्पलाइन (24×7)
112 – आपातकालीन पुलिस सेवा
नजदीकी थाने या बाल कल्याण समिति को सूचना दें
शिकायत दर्ज कराना कानूनी रूप से अनिवार्य है